Facts About Amavasya Revealed
श्री शुक्ले महा-शुक्ले कमल-दल-निवासे श्री महा-लक्ष्मी नमो नम:। लक्ष्मी माई सत्त की सवाई। आओ, चेतो, करो भलाई। ना करो, तो सात समुद्रों की दुहाई। ऋद्धि-सिद्धि खावोगी, तो नौ नाथ चौरासी सिद्धों की दुहाई।।
वज्र पानी पिबेच्चांगे डाकिनी डापिनी रक्षोव सर्वांगे।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि, तांत्रिक साधना में जो मंत्र इस्तेमाल किए जाते हैं, उन्हें सबसे पहले सिद्ध किया जाता है और उसके बाद ही उसका इस्तेमाल किया जाता है
साधना के समय जल का लोटा अपने पास रखें।
जप के समय क्रोध, लड़ाई, चिंता आदि से बचें।
मंत्र जप के दौरान अनुशासन:- मंत्र जाप करते समय मन को एकाग्र रखें। झूठ, क्रोध अथवा किसी भी चिंता से दूर रहें। साधना के दौरान धूम्रपान या अन्य नशा करना भी वर्जित है।
साधना काल में साधक अपने वस्त्र, जूठे बर्तन. आदि स्वयं साफ करें।
साधना समय में असली धूप का हीं उपयोग करें।
साधना रात्रि के शान्त वातावरण में करें।
हिंदू धर्म ने दुनिया को कई सौगातें दी हैं, जिनमें तंत्र विद्या, ज्योतिष, योग विद्या, शल्य चिकित्सा जैसी कई विद्या शामिल है
शाबर मंत्र भारत की प्राचीन तांत्रिक परंपरा का हिस्सा हैं। ये अपनी सहजता और प्रभावशीलता के लिए प्रसिद्ध है। इन मंत्रों का उपयोग more info व्यक्ति के भौतिक, मानसिक और आध्यात्मिक समस्याओं का समाधान करने के लिए किया जाता है। ये मंत्र हनुमान जी की कृपा से सिद्ध माने जाते हैं और इनका सही जाप करने से वशीकरण, शत्रु निवारण, रोग मुक्ति और आत्मशुद्धि जैसी सिद्धियां प्राप्त की जा सकती हैं। इन मंत्रों को गुप्त रखना जरूरी है। आइए इस लेख में शाबर मंत्र के नियम, महत्व और विधि के बारे में विस्तार से जानते हैं।
अब आप यह सोच रहे होंगे कि आखिर इसका असर हमारे ऊपर कैसे पढ़ता है तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जब सूर्य ग्रहण या चंद्र ग्रहण लगता है तो इसका प्रभाव सीधा हमारी राशियों पर आता है.
यह दोनों एक प्राकृतिक घटना होती है जो अपने आप घटित होती है, ऐसे में आप यह अवश्य सोचते होंगे कि आखिर यह घटनाएं कैसे होती है तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जब चंद्रमा और पृथ्वी दोनों ग्रह के ठीक आमने सामने आती है तब यह घटनाएं होती है.
मंत्र साधना और जप के चमत्कारिक लाभ, जानिए...